अध्यात्म दुनिया की विशेषताएं

  • अध्यात्म दुनिया एक आध्यात्मिक संस्था है और सब का कल्याण हो और सबका मंगल हो उस भावना से ही यह काम करती है
  • अध्यात्म दुनिया का मुख्य उद्देश्य ध्यानयोग जरिए सबका जीवन मंगलमय बनाना है ।
  • अध्यात्म दुनिया एक मेडिटेशन सेंटर जैसी है|
  • अध्यात्म दुनिया एकदम नॉमिनल चार्ज लेकर ऑनलाइन मेडिटेशन की शुरुआत की है ।
  • यदि आपकी ऑनलाइन ध्यान योग शिविर 6month कंप्लीट हो जाती है तो आपको साल में दो बार तीन दिन के प्रैक्टिकल ध्यान योग शिविर में entry दी जाएगी।
  • यह तीन दिन ध्यानयोग की शिविर का आयोजन एकांत स्थल में जहां नदी किनारे जैसे शांत जगह पर रखी जायेगी।
  • ध्यान योग शिविर में आने जाने की, खाने-पीने की और वहां रहने की व्यवस्था का सारा आयोजन अध्यात्म दुनिया द्वारा नोमिनल चार्ज देकर रखा जाएगा ।
  • जो साधक लगातार 3 महीने तक या 3 महीने ध्यान योग शिविर कंप्लीट करता है तो उनको एकदम नॉमिनल चार्ज में उन साधक भाई बहन को एक आसान, गोमुखी और चंदन की माला दी जाएगी ।
  • अध्यात्म दुनिया एक अलग सी दुनिया है जो आज के माहौल को ध्यान में रखकर ध्यान योग का आयोजन किया है और जितना हो सके उतना अध्यात्म दुनिया आपको श्रेष्ठ का कार्य करके दिखाने का प्रयास करेगी ।

नारायण नारायण नारायण

Benefits Of

अध्यात्म दुनिया

गहरी साँस लेना, ध्यान, हल्की एक्सरसाइज, संतुलित आहार, पर्याप्त नींद और सामाजिक मेलजो़ल तनाव कम करने में मदद करते हैं।

नियमित स्ट्रेचिंग और योगाभ्यास से शरीर में लचीलापन बढ़ता है और चोटों का जोखिम घटता है।

ध्यान, गहरी साँस-प्रश्वास और सकारात्मक सोच से चिंता में कमी आती है।

स्वस्थ मानसिकता के लिए आत्म-देखभाल, सकारात्मक सोच और नियमित ध्यान-व्यायाम अनिवार्य हैं।

ध्यान एक अकल्पनीय, अविश्वसनीय और अद्भुत साधन है । जो परब्रह्म परमात्मा ने दिया हुआ एक अनमोल तोहफा है । कई सारे मनुष्य का जीवन सफल बनाया है और जीवन सफल बनते ही रहेगा । इसलिए ध्यान योग को अपने जीवन का एक अविभाज्य अंग बना लीजिए । कई सारे भक्त, साधक भाई-बहन मुजे प्रश्न करते है, स्वामीजी…! मेरा मन कहीं लग नहीं रहा है… मेरा मन बहुत चंचल है… मैं क्या करूं ? कोई कहता है ; स्वामीजी; मैं ट्रेस का अनुभव करता हूं…! उनसे बाहर आने के लिए मैं क्या करूं ? कोई कहता है गुरुजी ; में डिप्रेशन में चला गया हूं …! मैं बहुत भयभीत रहता हूं …! उनमें से मुजे बाहर आना है । स्वामीजी….! कोई कहता है स्वामीजी ; मेरे मन में कई बार गंदे गंदे विचार आया करता है…! उनसे मेरा मन इधर-उधर भटक जाता है । फिर कोई काम में मेरा मन नहीं लगता है…! मैं क्या करूं स्वामीजी ? कई सारे प्रश्न मेरे सामने रखते हैं और मैं यही बताता हूं कृपया आप एक बार… सिर्फ एक बार…! ऑनलाइन ध्यान योग शिविर में हमारे साथ जुड़िए और देखो आपका जीवन कैसे चमकता है और कैसे महकता है ।

इस सारी समस्याओं का एक ही इलाज है और वह है ऑनलाइन ध्यान योग शिविर…! तो आईए हमारे ऑनलाइन ध्यानयोग शिविर में और इस सारी समस्याओं मुक्ति पाए…!

नारायण…! नारायण…! ओम…! ओम….! ओम…ओम…! ओम….! ओम…! नमो भगवते वासुदेवाय…!